विदेश में नौकरी का झांसा, युवक से 2.47 लाख की ठगी, फर्जी टिकट देकर फरार हुए आरोपी

लक्सर (हरिद्वार)। विदेश भेजने के नाम पर ठगी का एक नया मामला सामने आया है। लक्सर के नस्तरपुर उर्फ नसीरपुर निवासी परवेज आलम से रूस में नौकरी लगवाने का वादा कर दो सगे भाइयों ने 2.47 लाख रुपये ठग लिए। ठगी का खुलासा तब हुआ जब परवेज एयरपोर्ट पहुंचा और उसका टिकट फर्जी निकला।
ऐसे रचा गया ठगी का जाल:
परवेज ने बताया कि नवंबर 2024 में उसकी मुलाकात शाहबुद्दीन और लईक, निवासी ग्राम भागीजोत थाना अफजलगढ़, जिला बिजनौर (उत्तर प्रदेश) से हुई थी। दोनों ने उसे भरोसा दिलाया कि वे रूस की एक कंपनी में नौकरी दिलवा सकते हैं। उन्होंने कहा कि पूरा खर्च लगभग दो लाख रुपये आएगा, परवेज ने भरोसे में आकर 2.47 लाख रुपये उन्हें सौंप दिए। इसके बाद आरोपियों ने उसे 2 जुलाई का वीजा और हवाई टिकट दिया और कहा कि 6 जुलाई को मॉस्को के लिए उड़ान भरेगा।
एयरपोर्ट पर टूटा सपना:
6 जुलाई को जब परवेज दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा, तो उसने फोन कर पासपोर्ट और कंपनी के दस्तावेज मांगे।
इस पर आरोपितों ने 30 हजार रुपये और मांगे और कहा कि रकम देने के बाद ही कागजात मिलेंगे।
संदेह होने पर परवेज ने टिकट की जांच कराई, जहां टिकट फर्जी पाया गया। जब उसने आरोपियों से संपर्क किया तो उन्होंने गाली-गलौज कर फोन बंद कर दिया।
कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा:
परवेज ने पुलिस में शिकायत दी, लेकिन कार्रवाई न होने पर उसने कोर्ट की शरण ली।
कोर्ट के आदेश पर कोतवाली लक्सर पुलिस ने दोनों सगे भाइयों शाहबुद्दीन और लईक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
कोतवाली प्रभारी राजीव रौथाण ने बताया —
> “कोर्ट के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच की जा रही है, जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।”
पहले भी हो चुकी हैं ऐसी ठगियां:
उत्तराखंड में विदेश भेजने और नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी के कई मामले पहले भी सामने आ चुके हैं।
पुलिस लगातार चेतावनी जारी कर रही है, लेकिन लोग ठगों के जाल में फंसते जा रहे हैं।
अधिकतर मामलों में ठग सीमावर्ती जिलों या बाहरी राज्यों से सक्रिय रहते हैं और भोले युवाओं को शिकार बनाते हैं।
