किसान सुखवंत से धोखाधड़ी मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित, महिला आईपीएस निहारिका तोमर के पर्यवेक्षण में करेगी विस्तृत जांच

रुद्रपुर
किसान सुखवंत की आत्महत्या के बाद सामने आए धोखाधड़ी प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ऊधम सिंह नगर मणिकांत मिश्रा ने विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन कर दिया है। यह एसआईटी काशीपुर की कोतवाली आईटीआई में दर्ज धोखाधड़ी के मुकदमे की विस्तृत जांच करेगी। जांच टीम का पर्यवेक्षण आईपीएस एवं एसपी क्राइम निहारिका तोमर करेंगी।
किसान सुखवंत से धोखाधड़ी के मामले में 12 जनवरी को कोतवाली आईटीआई में अमरजीत सिंह समेत कुल 26 आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 108/318(4) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। सभी अभियुक्त पैगा क्षेत्र एवं आईटीआई थाना क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। मामले की संवेदनशीलता और जनभावनाओं को देखते हुए एसएसपी ने निष्पक्ष व गहन जांच के उद्देश्य से सात सदस्यीय एसआईटी गठित करने के निर्देश दिए।
एसआईटी में निरीक्षक रवि कुमार सैनी, प्रभारी निरीक्षक कोतवाली कुंडा को विवेचक नियुक्त किया गया है। इसके अलावा निरीक्षक हरेंद्र चौधरी प्रभारी निरीक्षक कोतवाली काशीपुर, निरीक्षक जसवीर चौहान प्रभारी एसओजी ऊधम सिंह नगर, उप निरीक्षक चंदन सिंह बिष्ट प्रभारी चौकी कुंडेश्वरी, कोतवाली काशीपुर तथा उप निरीक्षक हरविंदर कुमार कोतवाली कुंडा को टीम का सदस्य बनाया गया है। वहीं मुख्य आरक्षी विनय यादव, एसओजी काशीपुर को सीसीटीवी फुटेज के विश्लेषण की जिम्मेदारी दी गई है और आरक्षी भूपेंद्र आर्या, एसओजी रुद्रपुर को तकनीकी सहयोग के लिए एसआईटी में शामिल किया गया है।
इससे पूर्व किसान सुखवंत की आत्महत्या के मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने के बाद एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने कड़ा रुख अपनाते हुए कोतवाली आईटीआई प्रभारी और एक उप निरीक्षक को निलंबित कर दिया था। साथ ही पैगा पुलिस चौकी प्रभारी समेत कुल दस पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर किया गया था।
किसान सुखवंत से धोखाधड़ी के मामले में कोतवाली आईटीआई में दर्ज मुकदमे की निष्पक्ष जांच के लिए आईपीएस निहारिका तोमर के पर्यवेक्षण में सात सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया है। कोतवाली कुंडा के प्रभारी निरीक्षक को विवेचक बनाया गया है। एसआईटी पूरे प्रकरण की गहन जांच करेगी।
– मणिकांत मिश्रा, एसएसपी ऊधम सिंह नगर
